14 जुलाई 2014 - 14:37

इमाम हसन अलैहिस्सलाम फ़रमाते हैः हंसी-मज़ाक़, इंसान के वैभव को कम करता है तथा कम बातें करने वाले के वैभव में हमेशा वृद्धि होती रहती है।

इमाम हसन अलैहिस्सलाम फ़रमाते हैः हंसी-मज़ाक़, इंसान के वैभव को कम करता है तथा कम बातें करने वाले के वैभव में हमेशा वृद्धि होती रहती है।